रोजाना मेल (न्यूज डेस्क): पंजाब में जिला परिषद-ब्लॉक समिति चुनाव के बीच पुलिस अधिकारियों की तथा कथित 17 मिनट की ऑडियो ने राज्य की राजनीति में बवाल मचा दिया। अकाली दल (बादल) के प्रधान सुखबीर बादल ने कॉन्फ्रेंस कॉल पर हुई एक मीटिंग की ऑडियो रिकॉर्डिंग जारी करते दावा किया कि यह मीटिंग पटियाला पुलिस के अधिकारियों के बीच हो रही है। उसमें एसएसपी अलग-अलग डीएसपी से बात कर रहे हैं। अकाली दल ने इसको लेकर हाईकोर्ट में याचिका दायर कर दी है और पटियाला के एसएसपी को हटा कर सीआरपीएफ तैनात करने की मांग की है। उधर बीजेपी के अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा कि सीएम भगवंत मान विदेश में है। आप पंजाब में उनके प्रभारी मनीष सिसोदिया की साम, दाम, दंड, भेद वाली नीति पर चलकर इलेक्शन चोरी कर रही है।
वहीं पटियाला पुलिस ने सुखबीर बादल के दावे को सिरे से खारिज कर दिया है। पटियाला पुलिस ने कहा, ये वीडियो फेक है और AI के जरिए बनाई गई है। इससे लोगों को गुमराह किया जा रहा है। इसे वायरल करने वालों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।
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एक अधिकारी: जहां कहीं भी अकाली मिलें, उनके नामांकन पत्र फाड़ दें।
दूसरा अधिकारीः आज पुलिस ऑब्जर्वर आए थे, उसके बाद हम डिविजनल कमिश्नर के पास गए, DIG, DC भी थे और मैं भी वहीं था और 2 एसपी भी मेरे साथ थे। प्रशासन बल प्रयोग पर रोक नहीं लगाता, वे स्पष्ट हैं कि स्थानीय निकायों में ऐसा होना ही चाहिए लेकिन उनकी नीति ये है कि जिसे निशाना बनाना है, रोकना है, उसे बाहर से ही रोक लिया जाए, उसके गांव, घर या रास्ते में ही रोक लिया जाए, नामांकन दाखिल केंद्र पर पहुंचकर कागज़ न फाड़े जाएं। कल हमारे लिए सबसे संवेदनशील दिन है क्योंकि सुखबीर सिंह बादल खुद घनौर आ सकते हैं।
तीसरा अधिकारी: हम राजनीतिक नेतृत्व से निर्देश ले रहे हैं।
दूसरा अधिकारी (फिर से): नीति यह है कि जिसे भी पर्चा दाखिल करने से रोकना है, उसे गांव में रोको, घर पर रोको या रास्ते में रोको। जिस तरह से चुनावों के दौरान सेंटरों के अंदर एमसी ने कागज फाड़े, वो नहीं होना चाहिए, सब कुछ बाहर से ही होना चाहिए
चौथा अधिकारी: हम विधायक साहब और उनकी टीम के संपर्क में हैं… सब कुछ इसी तरह से प्लान किया गया है।
पांचवां अधिकारीः हम विधायक साहब के आदमियों को सुबह 9 बजे का समय देंगे और उनसे पहले अपना पर्चा दाखिल करवाएंगे।
दूसरा अधिकारी (फिर से) : निजी तौर पर या खुद हमें जो भी पाबंदियां लगानी हैं, वो बाहर से लगानी होंगी… विधायक को भी बताएं, जिस व्यक्ति पर पाबंदी लगानी है उसे गांव में या घर पर ही लगाने को कहें। सबकी निगाहें आप पर हैं, लेकिन जो भी धक्का-मुक्की करनी है, गांव में करो, घर पर करो या रास्ते में करो। कल आपके सुखबीर बादल भी आएंगे.. सबको पता है कि नामांकन रोक दिए जाएंगे और खारिज कर दिए जाएंगे। किसी को चिंता करने की ज़रूरत नहीं, मैं किसी भी शिकायत की सकारात्मक रिपोर्ट नहीं बनाऊंगा। अगर कागज छीनने हैं तो 5 किलोमीटर पहले छीने जाएं.. अगर कोई अंदर घुसने की हिम्मत करता है तो आरओ उसका नामांकन रद्द करें। चलो, कोई बात नहीं, हिम्मत रखो और निर्देशानुसार काम करो।
हालांकि रोजाना मेल इस वायरल ऑडियो की किसी प्रकार की कोई पुष्टि नहीं करता।


